मा0 हाई कोर्ट एवं अन्य तीन अदालतों के स्थगन आदेश को नही मानता भूमाफिया

जौनपुर। लाइनबाजार थानान्तर्गत कन्हईपुर मे सार्वजनिक भीटा भूमि आराजी नम्बर 11 पर माननीय उच्च न्यायालय इलाहाबाद के अलावा मा0 सिविल जज जौनपुर अपर कमिष्नर वाराणसी जिलाधिकारी जौनपुर स्थगन आदेष प्रभावी है। स्थानीय निवासी दीपनरायन यादव ने बताया कि उक्त भीटा भूमि पर भूमाफिया बीरबल यादव एवं उनके सहयोगी चार प्रमुख अदालतों के स्थगन आदेष को कूडे मे फेकते हुये निरन्तर व्यावसायिक निर्माण करते जा रहे है।श्री दीपनरायन के अनुसार माननीय उच्चन्यायालय सन 2011 मे स्थगन आदेष है और आज भी मुकदमा चल रहा है मा0 सिविल जज जौनपुर द्वारा उक्त भूमि पर सन 1998 मे स्थगन आदेष दिया गया जो आज भी प्रभावी है श्रीमान कमिष्नर वाराणसी द्वारा उक्त भूमि पर 2006 मे स्थगन आदेष दिया गया जो मुकदमा आज भी चल रहा है और 5 जनवरी 2026 मे श्रीमान जिलाधिकारी जौनपुर द्वारा उक्त भीटा भूमि पर स्थगन आदेष दिया गया जो आज भी प्रभावी है। इतनी प्रमुख अदालतो द्वारा दिए गए प्रभावी स्थगन आदेष के बावजूद निडर होकर भीटा भूमि पर बने मैरेज हाल पर रोज निर्माण हो रहा है। बताना आवश्यक है कि सिटी मजिस्ट्रेट द्वारा दो वर्ष पूर्व से किए जा रहे अवैध निर्माण को ध्वस्त करने हेतु नोटिस दी गयी है लेकिन ध्वस्त करने को कौन कहे और निर्माण होता जा रहा है. आज 31 जुलाई 2026 को उक्त सार्वजानिक भूमि पर हो रहे अवैध निर्माण को जीपीएस फोटो में देखा जा सकता है. मैरेज हाल की छत पर दर्जन भर लेबर मिस्त्री द्वारा निर्माण कर रहे है. भूमाफिया को न पुलिस का डर न प्रषासन का डर है। पुलिस अधीक्षक के ब्रगले से मात्र 200 मीटर दूर निर्माण हो रहा है। स्थानीय लोगो ने माननीय मुख्यमंत्री जी से सार्वजनिक भूमि पर कब्जा और निर्माण रूकवाने का अनुरोध किया है।
